दोस्तों इस आर्टिकल में मैं आपको बताऊंगा कि casting kya hai? और Casting process in Hindi क्या है? इसके अलावा हम Types of Casting Process और Defects In Casting क्या है इसके बारे में भी बात करेंगे इसलिए आप इस पूरे आर्टिकल को पढ़ें।
casting process in hindi


Casting Process क्या है? (Casting Process in hindi)

दोस्तों अगर बात करें कि Casting kya hai तो यह प्रकार की process है जहाँ पर आप किसी धातु अथवा पदार्थ को पिघलाकर अपनी इक्षा अनुसार आकार प्रदान करते हैं।

Casting Process में सबसे पहले आपको पदार्थ को Melt करना होता है उसके बाद आपको उस melt किये हुए पदार्थ को सांचे में डालना होता है जिससे मेल्ट किया गया पदार्थ सांचे का आकार ले लेता है और आपका मनचाहा प्रोडक्ट बनकर तैयार हो जाता है।

casting process में हम उन प्रोडक्ट्स को बनाते हैं जिसे किसी दूसरी विधि के द्वारा बनाना कठिन होता है।

Types Of Casting Process (Casting process के प्रकार)

अगर बात करें की Casting Process Types in hindi तो Casting Process को दो भागों में विभाजित किया गया है जो निम्न लिखित हैं -
1. Expendable mould casting process
2. permanent mould casting process

ये दोनों Casting की महत्वपूर्ण types हैं जिनके अंदर और भी कई Types हैं लेकिन हम उन Types को इनके साथ ही बात करेंगे।

Expendable mould casting process

इस Process में Wax, रेत, और प्लास्टिक का उपयोग किया जाता है। इस Method में Temperory और non reuseable Mold का उपयोग किया जाता है। यह process complex shaped parts और High Melting point material के लिए उपयोगी है। इस process में production धीमा होता है। इसके उदाहरण निम्नलिखित हैं -

1. Sand Casting
2. Investment casting
3. Shell Moludind
4. Vacuum Casting
5. Plaster mould casting
6. Ceramic Mould casting

Sand Casting

Sand Casting बहुत ही आसान प्रक्रिया है जिस वजह से इसका उपयोग बहुत ज्यादा किया जाता है इसका सबसे अच्छा उदाहरण आपके घर में लगने वाली ईंट है जिसे सैंड कास्टिंग विधि से ही बनाया जाता है।

अगर बात करें सैंड कास्टिंग प्रोसेस के बारे में तो इस प्रोसेस में सबसे पहले मोल्ड बनाने के लिए लकड़ी या फिर मेटल के पैटर्न को लकड़ी में डालते हैं। इसके बाद  पैटर्न में मटेरियल डालते हैं उसके बाद पैटर्न अथवा सांचे को हटा देते हैं  इसके बाद मोल्ड कैविटी और molten मेटल को डालते हैं इसके बाद मेटल को ठंडा होने के लिए चांद देते हैं इसके बाद सैंड मोल्ड को तोड़कर कास्टिंग को निकाल लेते हैं। 

Sand Casting process में टाइम के साथ साथ खर्च भी ज्यादा लगता है।

Shell Moulding

Shell moulding सैंड कास्टिंग प्रोसेस की तरह ही है। इस में ग्रे आयरन और एल्युमीनियम का उपयोग किया जाता है। इस प्रोसेस में पैटर्न को 250 से  260 डिग्री सेल्सियस तक गर्म किया जाता है। यह प्रोसेस काम्प्लेक्स साइज के पार्ट्स बनाने के लिए बहुत उपयोगी है।

Investment Casting

इन्वेस्टमेंट कास्टिंग में पैटर्न वैक्स के बने हुए होते हैं। investment कास्टिंग में very High Melting temperature वाले मटेरियल को cast किया जाता है। investment Casting में वैरी high dimensional accuracy और टॉलरेंस की प्राप्ति होती है। इन्वेस्टमेंट कास्टिंग में tooling cast ज्यादा होती इसलिए इसका प्रोडक्ट हाई वॉल्यूम बैच प्रोडक्शन के लिए किया जाता है। 

Permanent Mould Casting

इस प्रोसेस में प्रोडक्ट बनाने के लिए सबसे Metal की Die का उपयोग किया जाता है जो Permanent Nature की होती है और उसे हम बार - बार इस्तेमाल करते हैं। Permanent Mould casting में Tolerance बहुत ही कम होता है। Permanent Mould Casting के प्रमुख उदाहरण निम्नलिखित है -

1. Pressure Die Casting
2. Squeeze Die Casting
3. Centrifugal casting
4. Continuous Casting

Pressure Die Casting

Pressure Die casting मुख्यतः एल्युमीनियम, जिंक और मैग्नीशियम की कास्टिंग के लिए उपयोग किया जाता है। pressure die casting large बैच प्रोडक्शन के लिए अच्छा माना जाता है।

प्रेशर डाई कास्टिंग दो प्रकार की होती है।
1. हाई प्रेशर डाई कास्टिंग
2. लो प्रेशर डाई कास्टिंग

प्रेशर die कास्टिंग बहुत ही ज्यादा कॉस्टली प्रोसेस है। प्रेशर डाई कास्टिंग में पोरोसिटी डिफेक्ट की समस्या बहुत आती है। 

Defects in Casting Process

Casting process में कई प्रकार के defects आते है जिनकी बात हम यहाँ पर करने वाले हैं लेकिन इनमे से ज्यादातर Defects Sand Casting में देखे गए हैं। 
1. Shrinkage
2. Porosity
3. Hot Tear
4. Scar
5. Blowhole
6. metal Penetration and Rough Surfaces

Conclusion

 दोस्तों जैसा कि इस आर्टिकल में पता चल गया होगा कि Casting kya hai और Casting Process in hindi क्या है? साथ ही कास्टिंग डिफेक्ट्स के बारे में भी पता चल गया होगा जो आपके लिए उपयोगी होगी।  दोस्तों अगर आपको इस आर्टिकल में कोई कमी लगती है तो आप हमें सुझाव जरूर दे जिससे हम अपनी वेबसाइट को और उपयोगी बना सकें।

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